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सायकोलॉजी टुडे नामक पत्रिका में सोशल मीडिया को लेकर तरह-तरह के रिसर्च लेख छपते रहते हैं। इन लेखों में सोशल मीडिया के लती लोगों के बारे में नए-नए तथ्य उजागर होते रहते हैं। इनमें सकारात्मक और नकारात्मक दोनों ही पक्षों पर चर्चा होती है। रिसर्च में पता चला है कि सोशल मीडिया का अतिउपयोग एक तरह का मनोवैज्ञानिक बर्ताव है, जो यूजर की मानसिक और शारीरिक हेल्थ पर असर डालता है। यह सकारात्मक भी है और नकारात्मक भी।

भारत की राजनीतिक पार्टियां किस तरह सोशल मीडिया पर अभियान चलाती है, उसकी एक झलक पिछले मंगलवार को देखने को मिली, जब भारतीय जनता पार्टी द्वारा झूठी कांग्रेस हैशटैग (#Jhoothicongress) से अभियान चलाने का प्रयास भाजपा सांसद परेश रावल की गलती से लीक हो गया। बाद में परेश रावल ने भी झूठी कांग्रेस हैशटैग वाला अपना ट्वीट हटा लिया, लेकिन इसके बावजूद कांग्रेस को लांछित करने का अभियान सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।

कुछ अरसे से फेसबुक की बड़ी आलोचना की जा रही है कि उसने करोड़ों लोगों का डाटा इकट्ठा कर रखा है। इस डाटा की चोरी और दुरूपयोग से जुड़ी खबरें भी आए दिन उजागर होती रहती है। कई लोग फेसबुक से अपना अकाउंट डी-एक्टीवेट कर रही है और कई लोग तो अपने अकाउंट को ही डिलीट कर रही हैं। फेसबुक में सुरक्षा संबंधी कई प्रावधान हैं, जिसके माध्यम से यूजर अपनी गोपनीयता बनाए रख सकता है या गोपनीयता को सीमित कर सकता हैं, लेकिन फिर भी ऐसे लोगों की कमी नहीं, जो फेसबुक से आजिज आ चुके है और मुक्त होना चाहते हैं।

जब से यह खबर सुर्खियों में आई है कि फेसबुक के डाटा का उपयोग कुछ कंपनियां शोध के लिए कर रही है और वे राजनैतिक विज्ञापनों में उसे काम में लेती है, तब से फेसबुक पर आपत्तियां आने लगी है। अनेक लोग फेसबुक से अपना अकाउंट डिलीट कर रहे है। यह बात भी सामने आई है कि फेसबुक का अकाउंट डिलीट करने पर लोगों को कुछ परेशानियां भी आ रही है। इसका कारण यह है कि कई लोग अपने फेसबुक अकाउंट के माध्यम से ही दूसरे कई अकाउंट लॉग-इन और लॉग-आउट करते हैं।

कम्प्यूटर कंपनी डेल के मालिक मिशेल डेल की 24 वर्षीय बेटी एलेक्सा डेल ने सोशल मीडिया को बाय-बाय कर दिया। एलेक्सा डेल दुनिया की सबसे धनी युवतियों में से हैं। सोशल मीडिया पर वे इंस्टाग्राम और टम्बलर पर काफी सक्रिय हैं। इंस्टाग्राम पर उन्हें रिच किड्स ऑफ इंस्टाग्राम कहा जाता है। अर्थात इंस्टाग्राम के मालदार बच्चे। एलेक्सा ने सोशल मीडिया को बाय-बाय करने का जो कारण बताया है, वह सुरक्षा को लेकर है। कुछ दिन पहले ही उन्होंने अपने भाई के साथ कुछ फोटो सोशल मीडिया पर शेयर किए थे.

आज के युवाओं और किशोरों की तकनीक का असीमित पहुंच है। इस कारण वे कई ऐसे कार्य भी सुविधा से कर लेते हैं, जिन्हें करने में पहले काफी परेशानी होती थी। अनेक काम जो पहले भौतिक रूप से कहीं जाकर करने होते थे, वे अब ऑनलाइन होने लगे हैं। फ्लाइट, ट्रेन या सिनेमा की टिकिट बुक करनी हो या राशन खरीदना हो, बैंक का कोई काम हो या बीमे की किश्त जमा करनी हो, अब सब बैठे-बैठे ही किए जा सकते है। इस कारण आने-जाने में काफी समय बचता है और पैसे की भी बचत होती है।